झांसी। तेरह वर्ष पूर्व कोतवाली थाना क्षेत्र के बाहर सैयर गेट के पास हुए रमेश कन्नौजिया हत्याकांड के आरोपी पर आज दोष सिद्ध होने पर न्यायालय अपर सत्र न्यायाधीश न्यायालय कक्ष संख्या दो झांसी देवाशीष की अदालत ने आजीवन कारावास की सजा ओर तीन हजार रुपए अर्थदंड से दंडित करने का आदेश दिया है।
अभियोजन की ओर से पैरवी कर रहे एडीजीसी संजय देव शर्मा ने जानकारी देते हुए बताया कि बाहर सैयर गेट निवासी अशोक कन्नौजिया ने थाना शहर कोतवाली में 27 फरवरी 2012 को रिपोर्ट दर्ज कराते हुए बताया था कि उसका बड़ा भाई रमेश कन्नौजिया पड़ोस में रहने वाले अलख प्रकाश वर्मा के यहां आयोजित शादी समारोह में लग्न मंडपम गया था। रात करीब साढ़े नौ बजे वहां भाई को वाल अपचारी अपने साथी खुशीपुरा निवासी सत्येंद्र कुमार, आशीष ओर सन्नी के साथ उन्हें मिला ओर पुरानी रंजिश को लेकर गाली गलौज कर घेर कर सभी ने मारपीट कर दी। किसी प्रकार उसके भाई रमेश ने वहां से भाग कर जान बचाई तो आरोपी सत्येंद्र कुमार निवासी खुशीपुरा ने तमंचे से उन पर फायर कर डीएम तमंचे से चली गोली उसके भाई रमेश के सर में जा लगी ओर वह जमीन पर गिरकर बेहोश हो गया। वही आरोपीगण क्षेत्र में दहशत फैलाते हुए हवाई फायरिंग कर भाग निकले। पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर आरोपी को जेल भेजते हुए न्यायालय में आरोप पत्र दाखिल कर दिया था। न्यायालय में इस मामले की सुनवाई के दौरान सत्येंद्र पर हत्या का आरोप सिद्ध हो गया। न्यायालय ने सत्येंद्र को धारा 302 हत्या में आजीवन कारावास ओर बीस हजार रुपए अर्थदंड तथा प्राण घातक हमला धारा 307 में दस वर्ष की सजा ओर दस हजार रुपए अर्थदंड से दंडित करने का फैसला सुनाया है।
रिपोर्ट – मुकेश वर्मा/राहुल कोष्टा

