झाँसी। इंदौर में दूषित जल के कारण हुई भारी जनहानि को दृष्टिगत रखते हुए झाँसी महानगर की पाइप लाइन में प्रवाहित होने वाले पेयजल की नियमित जाँच कराने के लिए नगर विधायक रवि शर्मा ने आयुक्त, झाँसी मण्डल, झाँसी को लिखा पत्र।
उन्होंने पत्र में लिखा कि अभी कुछ दिन पूर्व मध्य प्रदेश के इंदौर जनपद में दूषित जल के उपयोग के कारण भारी जनहानि की घटना घटित हुई है। यह घटना सीवर लाइन की पाइप लाइन में लीकेज होने के कारण घटित हुई।
नगर विधायक ने पत्र में लिखा कि संज्ञान में आया है कि झाँसी महानगर में जल निगम की ओर से अमृत पेयजल योजना के तहत बिछाई गई पाइप लाइन में जगह-जगह लीकेज है। शहर के दर्जनों मोहल्लों में गंदे पानी की आपूर्ति हो रही है। इसी प्रकार की स्थिति जल संस्थान की पाइप लाइन की है। कई जगह की पाइप लाइन नालों से होकर गुजर रही हैं, जिसमें लीकेज के कारण खंडेराव गेट, नरसिंह राव टौरिया, झारखड़िया, लक्ष्मणगंज, नरिया बाजार, गणेश बाजार, चन्द्रशेखर आजाद, इतवारीगंज, दरीगरान, बजरिया मोहल्ला, नईबस्ती, गनपत खिड़की जैसे तमाम मोहल्लों में अक्सर गंदा पानी आता है। सबसे अधिक शिकायत जल निगम की पाइप लाइन की वजह से आ रही है।
उन्होंने आयुक्त, झाँसी मण्डल, झाँसी पत्र में लिखा कि यद्यपि वर्तमान में झाँसी नगर में सीवर व्यवस्था लागू नहीं है, परंतु जल निगम द्वारा विभिन्न क्षेत्रों में निरंतर खुदाई एवं पाइप लाइन सम्बन्धी कार्य कराये जा रहे हैं। ऐसी स्थिति में सतर्कता की दृष्टि से महानगर की पेयजल योजनाओं के अंतर्गत उपयोग में लाये जा रहे पानी की नियमित जाँच (टेस्टिंग) कराया जाना अत्यंत आवश्यक है, जिससे भविष्य में किसी भी प्रकार की अप्रिय अथवा जनहानिकारक स्थिति से बचाव किया जा सके।
रिपोर्ट – मुकेश वर्मा/राहुल कोष्टा

