झांसी। 15 वर्ष पूर्व पुलिस टीम पर जान से मारने की नीयत से फायरिंग करने वाले शातिर अपराधी टीपू उर्फ मुकेश को न्यायालय विशेष न्यायाधीश एनडीपीएस एक्ट शरद कुमार चौधरी की अदालत ने चरस रखने का आरोप सिद्ध होने पर उसे आठ वर्ष की जेल ओर बीस हजार रुपए अर्थदंड से दंडित किया है।
अभियोजन की ओर से पैरवी कर रहे शासकीय अधिवक्ता दीपक तिवारी ने जानकारी देते हुए बताया कि 12 मई 2010 को नवाबाद थाना प्रभारी निरीक्षक राम लखन सरोज, उपनिरीक्षक आनंद विजय ओर पुलिस टीम के साथ अपराधियों की धर पकड़ में लगे थे। तभी सूचना मिली कि एक शातिर अपराधी टीपू उर्फ मुकेश निवासी लहचूरा इलाहाबाद बैंक चौराहे पर असलाह लेकर घूम रहा है। इस सूचना पर पुलिस अपनी टीम के साथ मौके पर पहुंची तो शातिर अपराधी ने पुलिस को अपनी ओर आता देख तमंचे से फायर झोंक दिया ओर भागने लगा। पुलिस टीम ने घेराबंदी करते हुए अपराधी को दबोच लिया। पुलिस टीम ने उसके कब्जे से देशी पिस्टल 32 बोर, कारतूस ओर आधा किलो चरस बरामद कर आरोपी को जेल भेजते हुए न्यायालय में आरोप पत्र दाखिल कर दिया। अभियोजन के मुताबिक न्यायालय ने मामले की सुनवाई के दौरान आरोपी को पुलिस पर फायरिंग करने ओर पिस्टल बरामद की साक्ष्य उपलब्ध न होने पर उसे दोष मुक्त कर दिया। लेकिन चरस रखने का आरोप सिद्ध होने पर उसे आठ साल की जेल ओर बीस हजार रुपए अर्थदंड से दंडित करने का आदेश सुनाया।
रिपोर्ट – मुकेश वर्मा/राहुल कोष्टा

