झांसी। न्यायालय अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश कक्ष संख्या एक पीके यूनिवर्सिटी के डायरेक्टर से अवैध वसूली की मांग पूरी नहीं होने पर सोशल मीडिया पर भ्रामक समाचार प्रसारित करने वाले आरोपी को जमानत देने से इंकार कर उसका जमानत प्रार्थना पत्र निरस्त कर दिया है।अभियोजन की ओर से पैरवी कर रहे डीजीसी क्राइम मृदुलकांत श्रीवास्तव ने जानकारी देते हुए बताया कि आवास विकास कॉलोनी निवासी जगदीश प्रसाद ने थाना सीपरी बाजार में 1 अगस्त 2026 को रिपोर्ट दर्ज कराते हुए बताया था कि वह मध्यप्रदेश शिवपुरी स्थित पीके यूनिवर्सिटी का कुलाधिपति है। पिछले वर्ष एडमिशन के समय करैरा निवासी सौरभ भार्गव फेसबुक व्हाट्स ऐप के माध्यम से उसकी छवि धूमिल कर रहा था। जब यूनिवर्सिटी के डायरेक्टर ने सौरभ से गलत दुष्प्रचार करने को मना किया तो सौरभ ने अवैध पांच लाख रुपए की मांग की। साथ ही धमकी दी अगर पांच लाख रुपए की मांग पूरी नहीं करोगे और ऐसे ही तुम्हारी यूनिवर्सिटी को बदनाम कर दूंगा। पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर आरोपी को जेल भेज दिया था। आज आरोपी की ओर से जमानत याचिका न्यायालय में दाखिल की गई जिसकी सुनवाई के बाद न्यायालय ने आरोपी को जमानत देने से इंकार कर उसका जमानत प्रार्थना पत्र निरस्त कर दिया है। अभियुक्त को अभी जेल में ही रहना पड़ेगा।
रिपोर्ट – मुकेश वर्मा/राहुल कोष्टा
