
झांसी। वर्ष 2014 में अंडर ग्राउंड केबल बिछाए जाने के 249 करोड़ की स्काडा योजना के पूरी तरह विफल हो जाने सरकारी राजस्व का दुरुपयोग ओर भ्रष्टाचार करने पर विद्युत विभाग के दोषी अफसरों के खिलाफ जांच ओर कार्यवाही की मांग को लेकर विधान परिषद में यह मुद्दा एमएलसी ने उठाया।
24 दिसंबर को एमएलसी रामतीरथ सिंहल ने उत्तर प्रदेश विधान परिषद के शीतकालीन सत्र के अंतिम दिवस की बैठक में प्रतिभाग करते हुए यह विद्युत विभाग के भ्रष्टाचार का मुद्दा उठाते हुए मांग करते हुए कहा कि उत्तर प्रदेश विधान परिषद के शीतकालीन सत्र के अंतिम दिवस बैठक में प्रतिभाग में मुद्दा उठाते हुए बताया कि विद्युत विभाग द्वारा 2014 में झांसी महानगर में अंडरग्राउंड केबल बिछाए जाने के 249 करोड रुपए की स्काडा योजना के पूरी तरह विफल हो जाने, शासकीय धन के दुरुपयोग और भ्रष्टाचार की जांच कराए जाने तथा दोषियों के विरुद्ध कार्रवाई किए जाने की मांग की। उन्होंने बताया कि
आज सदन की कार्यवाही में नेता विपक्ष की हठधर्मिता के कारण भारी गतिरोध उत्पन्न हो गया था। लेकिन सभापति कुंवर मानवेंद्र सिंह के कार्य संचालन के अनुभव, धैर्य और कौशल्य से नेता प्रतिपक्ष को बैक फुट पर जाकर खेद प्रकट करना पड़ा।
उन्होंने कहा कि नेता सदन उपमुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य ने विपक्ष द्वारा आरक्षण के मुद्दे पर सरकार को घेरने की कोशिश को बड़ी कुशलता के साथ सख्त लहजे में जवाब देते हुए विफल कर दिया।
रिपोर्ट – मुकेश वर्मा/राहुल कोष्टा

