
झाँसी। जनपद न्यायाधीश/अध्यक्ष, जिला विधिक सेवा प्राधिकरण, झाँसी श्रीमती कमलेश कच्छल के कुशल संरक्षण एवं सिविल जज (सीनियर डिवीजन)/सचिव, जिला विधिक सेवा प्राधिकरण, श्रीमती ईशा त्रिपाठी के निर्देशन में जनपद न्यायालय परिसर में चल रहा विधि छात्र-छात्राओं का ‘समर इंटर्नशिप प्रोग्राम’ सफलतापूर्वक संपन्न हुआ। इस एक माह के ऐतिहासिक प्रशिक्षण कार्यक्रम के समापन के अवसर पर जिला विधिक सेवा प्राधिकरण कार्यालय के सभागार में एक भव्य विदाई संवाद एवं गोष्ठी-कक्ष जिला न्यायालय में प्रमाण पत्र वितरण समारोह का आयोजन किया गया।
समापन सत्र के प्रथम चरण में सचिव श्रीमती ईशा त्रिपाठी तथा रेलवे मजिस्ट्रेट प्रतीक त्रिपाठी की उपस्थिति में रेलवे मजिस्ट्रेट न्यायालय की कार्यप्रणाली से संबंधित एक विशेष संवाद सत्र भी आयोजित किया गया। इस दौरान सभी बैचों के इंटर्न्स ने पिछले एक महीने के दौरान न्यायालय के विभिन्न पटलों, जिला कारागार, स्थायी लोक अदालत और लीगल ऐड डिफेंस काउंसल के साथ प्राप्त किए गए अपने व्यावहारिक अनुभवों को साझा किया। इसके उपरांत, छात्र-छात्राओं द्वारा पूछे गए जटिल कानूनी प्रश्नों, अदालती बारीकियों और प्रक्रियात्मक नियमों से जुड़े विभिन्न संशयों का सचिव ने बेहद तार्किक, सरल और प्रयोगात्मक ढंग से निवारण किया।
समारोह के मुख्य आकर्षण में, जनपद न्यायाधीश/अध्यक्ष जिला विधिक सेवा प्राधिकरण, झांसी श्रीमती कमलेश कच्छल ने स्वयं अपने कर-कमलों से इंटर्नशिप प्रोग्राम को सफलतापूर्वक पूरा करने वाले छात्र-छात्राओं को प्रमाण पत्र प्रदान कर उनका उत्साहवर्धन किया।
इस अवसर पर जनपद न्यायाधीश श्रीमती कमलेश कच्छल जी ने छात्रों को संबोधित करते हुए कहा कि कानून का किताबी ज्ञान केवल एक माध्यम है, असली वकालत कोर्ट रूम और समाज के पीड़ित शोषित वर्गों को न्याय दिलाने के व्यावहारिक अनुभव से सीखी जाती है।
समारोह के अंतिम चरण में पूरे एक माह के दौरान चारों बैचों के सफल संचालन, अनुशासन और उत्कृष्ट प्रबंधन के लिए सचिव, जिला विधिक सेवा प्राधिकरण, श्रीमती ईशा त्रिपाठी जी ने सभी समन्वयकों के योगदान की मुक्त कंठ से सराहना की। कार्यक्रम को सुचारू रूप से संचालित करने में कल्पनाथ सिंह, नेहा श्री, समीरा खान, निकिता गौतम, विजय अहिरवार, सपना गुप्ता, श्रीमती प्रीति शर्मा एवं अजय सिंह परिहार का विशेष और सराहनीय योगदान रहा।
इस वृहद समारोह को आयोजित करने में जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के वरिष्ठ लिपिक श्री आदिल जाफरी जी का प्रशासनिक समन्वय और प्राधिकरण की पूरी टीम का सहयोग अत्यंत सराहनीय रहा। प्रमाण पत्र पाकर सभी विधि छात्रों के चेहरे खिल उठे और उन्होंने इस ऐतिहासिक प्रशिक्षण के लिए संपूर्ण न्याय विभाग का आभार प्रकट किया।
रिपोर्ट – मुकेश वर्मा/राहुल कोष्टा

