
झांसी। जिले की कानून व्यवस्था ओर विकास कार्यों की समीक्षा करने झांसी आए उत्तर प्रदेश सरकार के केबिनेट मंत्री/ झांसी प्रभारी कानून व्यवस्था ओर विकास कार्य पर सब कुछ ठीक ढंग से चलने का दावा कर रहे थे। इधर भारतीय जनता पार्टी के पूर्व मंत्री रविंद्र शुक्ला द्वारा सोशल मीडिया पर एक पोस्ट वायरल की गई। जिसमें उन्होंने बताया कि पंडित दीनदयाल उपाध्याय पीठ इंटर कॉलेज के प्रधानाचार्य अवध बिहारी विश्वकर्मा के साथ साइबर ठगी होने ओर उसके बाद लगातार पुलिस थाना कोतवाली के चक्कर काटने के बाद कार्यवाही नहीं होने की बात लिखी। पूर्व शिक्षा मंत्री ने अपनी पोस्ट में दावा किया कि जब अवध बिहारी को न्याय नहीं मिला तो उन्होंने मुख्यमंत्री पोर्टल पर शिकायत दर्ज कराई। जिस पर उन्हें कोतवाली बुलाया गया ओर उनकी समस्या का निस्तारण नहीं करते हुए उन्हें कोतवाल द्वारा गाली गलौज कर भगा दिया गया। भारतीय जनता पार्टी के झांसी महानगर के मजबूत स्तंभ, पूर्व शिक्षा मंत्री की सोशल मीडिया पर इस पोस्ट से जिले में हड़कंप मच गया। देर शाम पूर्व शिक्षा मंत्री ने दूसरी पोस्ट वायरल करते हुए बताया कि अवध बिहारी जी को न्याय मिलने का आश्वासन दिया गया है, इसलिए उनके आग्रह पर यह पोस्ट डिलीट कर रहा हूं। फिलहाल पूर्व शिक्षा मंत्री की पोस्ट ने थानों फरियादियों के साथ आज भी कैसा अमानवीय व्यवहार किया जा रहा है इसकी पोल खोल कर रख दी है। वही इस संबंध में शहर कोतवाली प्रभारी निरीक्षक से वार्ता की गई तो उन्होंने सारे आरोप बेवुनियाद बताए। उन्होंने कहा कि किसी के साथ कोई गाली गलौज नहीं की गई। अवध बिहारी के साथ साइबर ठगी हुई या नहीं इसके वह पीड़ित अवध बिहारी प्रमाण नहीं दे पा रहे है। ऐसा प्रतीत हो रहा कि वह झूठा मुकदमा दर्ज कराना चाहते है। उन्होंने बताया कि जब अवध बिहारी पहली शिकायत लेकर आए थे तब उन्हें बताया गया था कि तीन दिन का समय दीजिए जांच होने दो जांच में पता चलेगा लेकिन वह पुलिस को जांच नहीं करने दे रहे लगातार मुख्यमंत्री पोर्टल पर शिकायती पत्र दे रहे है। उन पर गाली गलौज ओर सुनवाई न करने के सारे आरोप बेवुनियाद है।
मेरे संज्ञान में नहीं, इंस्पेक्टर ठीक है, गाली गलौज नहीं कर सकता
झांसी। इस संबंध में जब क्षेत्राधिकारी नगर से वार्ता की गई तो बताया गया उनका स्थानांतरण हो चुका है। नवागंतुक क्षेत्राधिकारी नगर के पास सीयूजी नंबर नहीं पहुंचा है। वही सीओ सदर से वार्ता करने पर उन्होंने बताया कि अभी साइबर ठगी के मामले की जांच चल रही है, कोतवाली थाना प्रभारी निरीक्षक ठीक व्यक्ति है गाली गलौज नहीं कर सकता।
रिपोर्ट – मुकेश वर्मा/राहुल कोष्टा

