झांसी। मुख्य विकास अधिकारी रामेश्वर सुधाकर सब्बनबाड ने आज विकास भवन सभागार में जनपद में स्थापित उद्योगों को पर्याप्त विद्युत उपलब्धता और निर्वाध विद्युत आपूर्ति सुनिश्चित करने हेतु बुन्देलखण्ड चैंबर ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्री एंव विद्युत विभाग के अधिकारियों के साथ किया भागीरथ मंथन। उद्धव को पर्याप्त विद्युत आपूर्ति के लिए उन्होंने पेनफुल प्वाइंट का सर्वे करने के निर्देश दिए और क्षेत्र में पूर्ण क्षमता के साथ संवेदनशील होकर कार्य करने पर बल दिया ताकि क्षेत्र में विद्युत आपूर्ति सुनिश्चित करते हुए उद्योगों को गति प्रदान की जा सके। बैठक की अध्यक्षता करते हुए मुख्य विकास अधिकारी रामेश्वर सुधाकर सब्बनवाड ने जनपद मे स्थापित औद्योगिक इकाईयों को विद्युत आपूर्ति की व्यवस्था को बेहतर बनाने के उद्देश्य से आयोजित बैठक में सर्वप्रथम विद्युत विभाग के अधिकारियों से कहा कि प्रदेश की जीडीपी में बुंदेलखंड के उद्योग का महत्वपूर्ण योगदान है। उन्होंने उद्योगों को निर्वाध विद्युत आपूर्ति सुनिश्चित कराए जाने के निर्देश दिए ताकि सुचारू विद्युत आपूर्ति से उद्योगों के उत्पादन में और राजस्व की प्राप्ति में बढ़ोतरी की जा सके। बैठक के प्रारंभ में सर्वप्रथम धीरज खुल्लर, अध्यक्ष बुंदेलखंड चैंबर ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्री ने अध्यक्षता कर रहे मुख्य विकास अधिकारी एवं मुख्य अभियंता विद्युत को पुष्पगुच्छ भेंट कर स्वागत करते हुए कहा कि विद्युत पर्याप्त मात्रा में उद्योगों को मिलेगी, तो उत्पादन बढ़ेगा और प्रदेश की जीडीपी में भी उछाल आएगा। अध्यक्ष धीरज खुल्लर ने जनपद के औद्योगिक क्षेत्र में निर्वाध विद्युत आपूर्ति किए जाने पर चर्चा करते हुए वर्निंग इश्यू को चिह्नित करते हुए उनका निस्तारण करने का सुझाव दिया। उन्होंने ओवरलोडिंग समाप्त करने के लिए नए ट्रांसफॉर्मर लगाने एवं नई विद्युत लाइन के कार्य समेत क्षतिग्रस्त ट्रांसफार्मर को समय से ठीक कराए जाने के अतिरिक्त विद्युत लाइन और ट्रांसफार्मर के आसपास झाड़ियों को भी साफ करने कराए जाने पर जोर दिया, ताकि आंधी/ तूफान आने पर विद्युत लाइन क्षतिग्रस्त न हो। बैठक को और प्रभावशाली बनाने के दृष्टिगत मुख्य अभियंता ज्ञानेंद्र सिंह ने उद्यमियों के समक्ष उपस्थित समस्त। जेई/ एसडीओ को निर्देशित किया कि अपने क्षेत्र के उद्योगपतियों से प्रत्येक माह संवाद किया जाना सुनिश्चित किया जाए ताकि उनकी समस्याओं को सुन उनका निराकरण समय से किया जा सके। उन्होंने चैंबर के समस्त उद्योगपतियों को आश्वस्त करते हुए कहा कि आप कमियां बताएं,हम उसे समय से दूर करेंगे। उन्होंने उद्योगपतियों की समस्याओं को सुन संबंधित क्षेत्र के एई/एसडीओ एवं जेई से समस्या के निराकरण के लिए की जाने वाली कार्रवाई की जानकारी ली। बैठक में लगभग 45 वर्ष से संचालित कोल्ड स्टोरेज भगवंतपुरा के मालिक पवन जैन ने विद्युत आपूर्ति की समस्या को लेकर अपना दुखड़ा सुनाया और बताया कि प्रतिमाह लगभग 70 लाख का भुगतान विद्युत विभाग को करते हैं।यदि हमें सुचारू रूप से बिना किसी ट्रैपिंग के विद्युत आपूर्ति प्राप्त हो तो हम इससे अधिक विद्युत बिल जमा कर सकते हैं। उन्होंने शिकायती लहजे में बताया कि विद्युत आपूर्ति न होने पर फ़ोन करते हैं तो अधिकारी द्वारा रिसीव नहीं होता इसमें अवश्य सुधार लाया जाए। बैठक में जनपद में स्थापित 90 स्टोन क्रेशर के प्रतिनिधि के रूप में श्री राजीव मेहता ने बताया की लगभग 01 करोड़ रूपये का रेवेन्यू प्रति माहजमा कराया जाता है, यदि विद्युत लाइन में सुधार लाया जाए तो ये रेवेन्यू और बढ़ सकता है। उन्होंने बताया कि खदान के ऊपर से विद्युत लाइन निकली है जो नीचे आ जाने से लगातार दुर्घटनाएं हो रही हैं। इसकी शिफ्टिंग किया जाना नितांत आवश्यक है ताकि दुर्घटनाओं को रोका जा सके। इसी क्रम में नरेश कुमार अग्रवाल, गोरा मछिया, अशोक आनंदानी, गोरा मछिया, पीतांबरा बुक पब्लिशर्स एवं घड़ी डिटर्जेंट के प्रतिनिधियों ने भी विद्युत समस्या की जानकारी दी और समस्या को समय से निस्तारित करने का सुझाव दिया। बैठक का सफल संचालन अमित सिंह संयुक्त सचिव ने किया। उन्होंने उपस्थित विद्युत विभाग के अधिकारियों से कहा कि जेई सबसे पहली कड़ी है। आप सभी हम लोगों से मिले ताकि विद्युत आपूर्ति पर्याप्त मिल सके और हम अधिक से अधिक रेवेन्यू जमा करा सकें। इस अवसर पर मुख्य अभियंता व अन्य सदस्य उपस्थित रहे।
रिपोर्ट – मुकेश वर्मा/राहुल कोष्टा
