
झांसी। रानी लक्ष्मीबाई केंद्रीय कृषि विश्वविद्यालय, झांसी के राष्ट्रीय सेवा योजना (एनएसएस) प्रकोष्ठ द्वारा “नशा मुक्त युवा, विकसित भारत युवा कनेक्ट कार्यक्रम” के अंतर्गत “विकसित भारत के लिए नशामुक्त युवा” विषय पर जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया गया।
कार्यक्रम के मुख्य अतिथि कुलपति डॉ. अशोक कुमार सिंह रहे।
कार्यक्रम में जिला युवा अधिकारी झांसी विशाल सिंह, यूथ आइकॉन ओम तिवारी तथा नशामुक्त वॉरियर अनिल हरिदासन ने सहभागिता करते हुए युवाओं को नशामुक्त भारत एवं विकसित भारत–2047 के निर्माण में सक्रिय भागीदारी निभाने का आह्वान किया।
कार्यक्रम का शुभारंभ दीप प्रज्ज्वलन एवं वंदेमातरम् के साथ हुआ।
एनएसएस समन्वयक डॉ. राम प्रकाश यादव ने अतिथियों का स्वागत करते हुए कार्यक्रम की रूपरेखा प्रस्तुत की तथा युवाओं से समाज में सकारात्मक परिवर्तन के वाहक बनने का आह्वान किया।
मुख्य अतिथि कुलपति डॉ. अशोक कुमार सिंह ने अपने संबोधन में कहा कि नशा केवल व्यक्ति के स्वास्थ्य को ही नहीं, बल्कि उसके परिवार, समाज और राष्ट्र की प्रगति को भी प्रभावित करता है। उन्होंने कहा कि अनुशासित, स्वस्थ एवं चरित्रवान युवा ही विकसित भारत की मजबूत नींव हैं।
यदि भारत को वर्ष 2047 तक विकसित राष्ट्र बनाना है तो युवाओं को नशे जैसी बुराइयों से दूर रहकर राष्ट्र निर्माण में अपनी ऊर्जा लगानी होगी। उन्होंने विद्यार्थियों से स्वस्थ जीवनशैली अपनाने तथा समाज में नशामुक्ति का संदेश जन-जन तक पहुंचाने का आह्वान किया।
जिला युवा अधिकारी विशाल सिंह ने माय भारत पोर्टल की जानकारी देते हुए युवाओं को स्वयंसेवा, नेतृत्व विकास एवं राष्ट्र निर्माण से जुड़ने के लिए प्रेरित किया। उन्होंने कहा कि युवा अपनी प्रतिभा एवं सामाजिक दायित्वों का निर्वहन करते हुए देश के विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकते हैं।
यूथ आइकॉन ओम तिवारी ने कहा कि भारत का भविष्य युवाओं के हाथों में सुरक्षित है। उन्होंने युवाओं से अपनी ऊर्जा, नवाचार, प्रतिभा और नेतृत्व क्षमता का उपयोग राष्ट्रहित एवं समाज सेवा के कार्यों में करने का आह्वान करते हुए कहा कि सकारात्मक सोच और सशक्त संकल्प ही विकसित भारत की पहचान बनेंगे।
नशामुक्त वॉरियर अनिल हरिदासन ने “से यस टू लाइफ, नो टू ड्रग्स” का संदेश देते हुए नशामुक्त भारत अभियान की जानकारी साझा की तथा युवाओं को नशे से दूर रहकर स्वस्थ, सुरक्षित एवं जिम्मेदार जीवन अपनाने के लिए प्रेरित किया।
कार्यक्रम के दौरान विकसित भारत–2047, पंच प्रण तथा युवा सहभागिता जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर विस्तार से चर्चा की गई। अंत में एनएसएस स्वयंसेवकों एवं विद्यार्थियों ने नशामुक्त भारत के निर्माण तथा विकसित भारत–2047 के लक्ष्य की प्राप्ति के लिए सक्रिय योगदान देने की सामूहिक शपथ ली।
कार्यक्रम का संयुक्त संचालन डॉ. शिववेंद्र सिंह, डॉ. बिजिलक्ष्मी एवं डॉ. विनोद कुमार ने किया, जबकि डॉ. अनीता पुयम ने सभी अतिथियों, प्रतिभागियों एवं विद्यार्थियों के प्रति आभार व्यक्त किया।
रिपोर्ट – मुकेश वर्मा/राहुल कोष्टा

